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Paanch Behatreen Kahaniyan (पाँच बेहतरीन कहानियाँ)

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“पाँच बेहतरीन कहानियाँ –
“हम लोग लड़कियों के दीवाने थे। कोई हमारी आन्तरिक बातें सुनता तो हमें लम्पट और लुच्चा मान लेता। मगर हम ऐसे गिरे हुए नहीं थे। … सच कहूँ, हम इतने नैतिक थे कि अवसर को ठुकरा देते थे। वैसे तो हम लोगों की तरफ़ अनेक लड़कियाँ लपकती थीं। हम अपने-अपने विभाग के हीरो थे। यह भी बता दूँ कि चिकने-चुपड़े गालों, सफाचट मूँछों और दौलत की वजह से हीरो नहीं थे; बल्कि हममें से अधिसंख्य तो दाढ़ी भी रखते थे। जहाँ तक दौलत का प्रश्न है, तो हम लड़कियों से प्रायः चन्दा माँगते थे।””

Author

Weight 0.5 kg
Dimensions 22.59 × 14.34 × 1.82 cm
Author

Akhilesh (अखिलेश)

Language

Hindi

Publisher

Vani Prakashan

Pages

152

Year/Edtion

2013

Subject

Collection of Short Stories

Contents

N/A

About Athor

"अखिलेश –
6 जून, 1960, सुल्तानपुर (उत्तर प्रदेश) में जन्में अखिलेश अपने समय के समर्थ और ऊर्जावान कथाकार हैं। उनका विपुल लेखन साहित्य की विभिन्न विधाओं में उपलब्ध है जैसे कहानी, उपन्यास, संस्मरण, सम्पादन आदि।
मुख्य कृतियाँ:
कहानी संग्रह: अँधेरा, आदमी नहीं टूटता, मुक्ति, शापग्रस्त।
उपन्यास: अन्वेषण, निर्वासन।
संस्मरण: वह जो यथार्थ था।
सम्पादन: तद्भव (अनियतकालीन पत्रिका), श्रीलाल शुक्ल की दुनिया (श्रीलाल शुक्ल के रचनाकर्म पर एकाग्र), एक किताब एक कहानी (किताबों की एक श्रृंखला), दस बेमिसाल प्रेम कहानियाँ, कहानियाँ रिश्तों की (रिश्ते-नातों पर आधारित ग्यारह किताबों की एक श्रृंखला)
सम्मान: श्रीकान्त वर्मा पुरस्कार, वनमाली कथा पुरस्कार, इन्दु शर्मा कथा सम्मान, परिमल सम्मान, अयोध्या प्रसाद खत्री पुरस्कार, स्पन्दन सृजनात्मक पत्रकारिता पुरस्कार, राजकमल प्रकाशन कृति सम्मान, 'कसप' मनोहर श्याम जोशी पुरस्कार।
"

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