“मेरे लिए बहुत स्पेशल है, यह खत । जिन्दगी का पहला और आखिरी प्रेम-पत्र । शादी को इतने बरस हो गये, मेरे पति ने कभी पत्र नहीं लिखा, प्रेम-पत्र क्या लिखेंगे? वह मोबाइल कल्चर के आदमी हैं । हमारे घर में सभी ने पढ़ा है यह प्रेम-पत्र। यहाँ तक कि मेरे पति मेरी बेटियों को भी पढ़कर सुना चुके हैं यह पत्र। मेरे पति ने कहा था, इस बार अपने बॉयफ्रेंड से मिलकर आना ।”
“मेरे लिए बहुत स्पेशल है, यह खत । जिन्दगी का पहला और आखिरी प्रेम-पत्र । शादी को इतने बरस हो गये, मेरे पति ने कभी पत्र नहीं लिखा, प्रेम-पत्र क्या लिखेंगे? वह मोबाइल कल्चर के आदमी हैं । हमारे घर में सभी ने पढ़ा है यह प्रेम-पत्र। यहाँ तक कि मेरे पति मेरी बेटियों को भी पढ़कर सुना चुके हैं यह पत्र। मेरे पति ने कहा था, इस बार अपने बॉयफ्रेंड से मिलकर आना ।”
| Weight | 0.5 kg |
|---|---|
| Dimensions | 22.59 × 14.34 × 1.82 cm |
| Author | Mrinal Pandey (मृणाल पांडे) |
| Language | Hindi |
| Publisher | Vani Prakashan |
| Pages | 76 |
| Year/Edtion | 2013 |
| Subject | Collection of Short Stories |
| Contents | N/A |
| About Athor | N/A |
















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