100% Money back

Search

Need help? 9990860860 Nanhi Shop
Need help? 9990860860 Nanhi Shop

In Stock

Ameena (अमीना)

← Back

Thank you for your response. ✨

Original price was: ₹295.00.Current price is: ₹190.00.

Clear
<span class="ts-tooltip button-tooltip" data-title="Add to compare">Compare</span>
अमीना –
अमीना एक ऐसी स्त्री की प्रेरक गाथा है जो अपनी ज़िन्दगी पर बोझ बन चुके जन्मना बन्धनों को चुनौती देती है। प्रतिरोध की इस प्रक्रिया में उपन्यास की नायिका एक ऐसा बदलाव लाने में सफल होती है जिसका प्रभाव उसकी निजी ज़िन्दगी तक ही सीमित नहीं रहता। यह कृति ऐसे मुद्दों पर रोशनी डालती है, जिन पर आम तौर पर कथा साहित्य में चर्चा नहीं की जाती, लेकिन जिनके कारण असंख्य स्त्रियों की ज़िन्दगी प्रभावित होती है। ये मुद्दे हैं : मुसलमान स्त्रियों का क़ानूनी दर्जा, पारम्परिक और धार्मिक रीति-रिवाजों द्वारा उन पर लगायी जाने वाली पाबन्दियाँ, निजी रिश्तों में पुरुष सत्ता द्वारा अक्सर की जाने वाली निर्द्वन्द्व अवमानना…। लेकिन, यह कृति केवल एक सामाजिक दस्तावेज़ ही नहीं है। यह उपन्यास न केवल हमारे ज़माने की एक असाधारण स्त्री के विश्वसनीय चित्रण के ज़रिये हमारी हमदर्दी जीत लेता है, बल्कि साथ-साथ बड़ी कुशलता से सोलहवीं सदी की वीरांगना रानी, जाज्जाऊ की अमीना की समान्तर कहानी भी कहता चला जाता है। अनुभव की प्रामाणिकता से उद्भूत आवेग के साथ रची गयी, एक स्त्री की निगाह से व्यक्त होने वाली और एक उत्तरी नाइजीरियाई पुरुष की क़लम से निकली इस कथा से भविष्य के प्रति आशा का सन्देश मिलता है।
न्यू जर्सी के अफ्रीका वर्ल्ड प्रेस द्वारा पहली बार अंग्रेज़ी में प्रकाशित अमीना का अब तक दस भाषाओं, फ्रेंच, यूनानी, सर्बियायी, तुर्की, अरबी, अजेरी, उर्दू, हिन्दी, मलयालम, तमिल, भाषा इन्डोनेशिया, स्पानी, वियतनामी और चीनी, में हो चुका है। हज़ारों-हज़ार महिला और पुरुष पाठकों ने इस उपन्यास को हाथों-हाथ लिया है, क्योंकि यह सत्य का वैसा ही चित्रण करता है। जैसा वह है।’
यह लेखक की पहली किताब है। इसकी ताज़गी और चमक ताज्जुब में डाल देती है।
-निसरदार बुक ऑफ़ दि इयर न्यू स्टेटमेन
मुहम्मद उमर की इस रचना से हमें मर्दों की दुनिया में स्त्री होने की हक़ीक़त की गहराइयों में झाँकने का मौका मिलता है। यह किताब मुसलमान जगत की सभी उत्पीड़ित स्त्रियों के लिए उम्मीद की एक मशाल की तरह है। विषमता, भेदभाव, पूर्वग्रह, अत्याचार और अवमानना के ख़िलाफ़ इन स्त्रियों का संघर्ष बहुत पुराना न होने के बावजूद बड़ा ज़ोरदार हैं। -पत्रकार अरब न्यूज़सदी अरब
एक सकारात्मक और प्रेरक गाथा…किसी कहानी से यही अपेक्षा की जा सकती है कि उसका पाठक ज्ञान और आलोक के रास्ते पर सफ़र करता हुआ चला जायेगा। -ऐन मेरी स्मिथ, कनेडियन आलोचक
अमीना की शुरुआत किसी धीमे और मधुर संगीत की तरह होती है और कठोर घटनाओं के बीच भी वह अपने इसी राग को बनाये रखती है। मेरे ख़याल से यही है इस किताब की सबसे ख़ास बात आक्रोश का स्वर ऊँचा होने के बाद भी यह नरम संगीत बजता रहता है। -प्रोफ़ेसर फ़ातिमा मेरनिसी, मोरक्को की समाजशास्त्री और इस्लाम में स्त्रियों की स्थिति पर कई पुस्तकों की लेखिका
एक ऐसी रचना जो ताज़गी और प्रतिभा से लबालब है।  -मलाक जालौक, मिस्त्री लेखक और समाजशास्त्री
अमीना नाइजीरिया की राजनीतिक प्रणाली पर एक टिप्पणी है। इसमें भ्रष्ट पितृसत्तात्मक और शोषक राजनीतिक प्रणाली के ख़िलाफ़ न्याय के लिए संघर्ष की कहानी अपनी नायिका अमीना के नज़रिये और जीवन के माध्यम से कही गयी है। -साफा सुलिंग तान, बुक रिव्यू द मुस्लिम न्यूज़

Author

author

Mohammad Kabir Umar (मोहम्मद कबीर उमर)

publisher

Vani Prakashan

language

Hindi

pages

232

Bestsellers

1857 A Friend In Need 1887 Friendship Forgotten by William Digby

Price range: ₹300.00 through ₹400.00
(0 Reviews)
47,53,romn 4,5,6, 37, 82

Ravindra Nath Tagore Rachnawali - Do Bahan, (Part-50)

Original price was: ₹60.00.Current price is: ₹48.00.
(0 Reviews)

A Colour Handbook on Fundamentals of Entomology

Original price was: ₹3,995.00.Current price is: ₹2,996.00.
(0 Reviews)

Ravindra Nath Tagore Rachnawali - Tash Ka Desh (Part-6)

Original price was: ₹60.00.Current price is: ₹48.00.
(0 Reviews)

Ve Din by Nirmal Verma

Original price was: ₹250.00.Current price is: ₹200.00.
(0 Reviews)

Maru Kesari (मरु-केसरी)

Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹130.00.
(0 Reviews)

Back to Top
Product has been added to your cart

Select at least 2 products
to compare