“रामचरितमानस और कामायनी –
पटना विश्वविद्यालय से पीएच.डी. की उपाधि प्राप्त शोध प्रबन्ध ‘महाकाव्य की दृष्टि से रामचरितमानस और कामायनी का तुलनात्मक अध्ययन’ का संक्षिप्त नाम है ‘रामचरितमानस और कामायनी’। विषयवस्तु ज्यों की त्यों प्रकाशित है। तुलना की पद्धति और विचारों में निजी स्पर्श या मौलिकता जगह-जगह दिखाई पड़ेगी। पुस्तक की एक विशेषता इसका छात्रोपयोगी होना है। ‘रामचरितमानस’ और ‘कामायनी’ से सम्बन्धित उठनेवाले महत्त्वपूर्ण आलोचनात्मक प्रश्नों के उत्तर इसमें मिलेंगे।
“
“रामचरितमानस और कामायनी –
पटना विश्वविद्यालय से पीएच.डी. की उपाधि प्राप्त शोध प्रबन्ध ‘महाकाव्य की दृष्टि से रामचरितमानस और कामायनी का तुलनात्मक अध्ययन’ का संक्षिप्त नाम है ‘रामचरितमानस और कामायनी’। विषयवस्तु ज्यों की त्यों प्रकाशित है। तुलना की पद्धति और विचारों में निजी स्पर्श या मौलिकता जगह-जगह दिखाई पड़ेगी। पुस्तक की एक विशेषता इसका छात्रोपयोगी होना है। ‘रामचरितमानस’ और ‘कामायनी’ से सम्बन्धित उठनेवाले महत्त्वपूर्ण आलोचनात्मक प्रश्नों के उत्तर इसमें मिलेंगे।
“
| Weight | 0.5 kg |
|---|---|
| Dimensions | 22.59 × 14.34 × 1.82 cm |
| Author | Matuk Nath Choudhary (मटुकनाथ चौधरी) |
| Language | Hindi |
| Publisher | Vani Prakashan |
| Pages | 220 |
| Year/Edtion | 2008 |
| Subject | Criticism |
| Contents | N/A |
| About Athor | "मटुक नाथ चौधरी – बिहार के भागलपुर ज़िलान्तर्गत नवगछिया अनुमण्डल के जयरामपुर गाँव में जन्म 27-10-1953। बचपन से मैट्रिक तक की शिक्षा (1971) गाँव में। आई.ए. (1973) और बी.ए. (1976) पटना कॉलेज, पटना से। एम.ए. (1978) जे.एन.यू. नयी दिल्ली से। सभी कक्षाएँ प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण। बी.ए. हिन्दी ऑनर्स में प्रथम श्रेणी में प्रथम और एम.ए. हिन्दी में प्रथम श्रेणी में द्वितीय स्थान प्राप्त। 29 दिसम्बर, 1978 से बी.एन. कॉलेज, पटना विश्वविद्यालय, पटना में हिन्दी अध्यापन। 1981 में सुप्रसिद्ध पत्रिका 'समीक्षा' का सहायक के रूप में सम्पादन। 2002 में 'खोज' पत्रिका का सम्पादन। वर्तमान में 'होश' पत्रिका का सम्पादन। अनेक पत्र-पत्रिकाओं में कई आलोचनात्मक और शोधपरक लेख प्रकाशित। |













Reviews
There are no reviews yet.